वन मण्डल केशकाल क्षेत्र में अवैध जंगल कटाई से बरबादी की ओर-


लगातार कटाई की जानकारी वन विभागीय प्रमुख को होने के बाद भी विभाग कुंभकर्ण नीद से कब जागेगा।
इमरान पारेख केशकाल…..
केशकाल – ले देकर एक वनमण्डल मुख्यालय केशकाल को मिले है लेकिन वन मण्डल केशकाल में स्थानांतरित होने पर वन परिक्षेत्र बड़ेडोगर, फरसगांव, केशकाल एवं विश्रामपुरी वन परिक्षेत्र के वासियो से होगा यह अहसास होने लगा है, कि अब वन मण्डल केशकाल होने पर वन सरक्षण एवं संवर्धन के साथ वन विकास तेज गति से पूर्ण पारदर्शिता के साथ होगा लेकिन वर्तमान वन मण्डल केशकाल के अन्तर्गत गत वर्ष से लेकर वर्तमान में यह स्थिति है, कि वन मण्डल अन्तर्गत चारो ओर वन माफिया एवं लकडी माफिया सक्रिय हाने के साथ जंगल को विनाश के आरे ले जाने में कोई भी कोर कसर नहीं छोडा जा रहा है जबकि जंगल की रक्षा के लिए राज्य शासन द्वारा वनरक्षक से लेकर वनपाल एवं डिप्टी रेंजर व रेंजर एवं उपवन मण्डलाअधिकारी एवं वन मंण्डलाधिकारियों को शासन द्वारा मोटी रकम वेतन देकर वनों को सुरक्षित रखने व रक्षा के लिए शासकीय सेवा के तहत सभी क्षेत्र में पदस्थ करते है। इसके बाद भी जंगल माफिया एवं लकडी माफिया का सक्रियता के चलते जंगल की बेश कीमती झाड़ को चाईना कटर व कुल्हाडी से काटकर लट्ठा बनाकर परिवाहन करने में कामयाब हो जाते है।
केशकाल वनमण्डल अन्तर्गत ऐसा कई बार उदाहरण एवं जीता जागता सत्यता वन विभाग के उच्च अधिकारियों को घटना स्थल की विडियों के साथ जानकारी भेजने के बाद भी मिडिया को इन अधिकारियों से कोई संतोषप्रद जवाब नहीं मिलना कई संदेह को जन्म देता है, कि कही वन उच्चअधिकरियों द्वारा कई वन माफियों से मिलकर मामले को लिपा पोती तो नहीं कर रहे है। केशकाल वन मण्डल का अवैध कटाई से सबंधित सत्यता कि जानकारी निम्ननुसार है-
1. वन मण्डल केशकाल के उपवन मण्डल फरसगांव के वन परिक्षेत्र बड़ेडोगर के भोंगापाल में भारी मात्रा में बड़े बड़े साल वृक्षो के अवैध कटाई बकायदा चाईना कटर से कटवाया गया था। इस क्षेत्र का अवैध कटाई की जानकारी मिडिया कर्मचारियों द्वारा वन मण्डल अधिकारी केशकाल से लेने पर बताया कि यही क्षेत्र वन विकास निगम की है।
इस संबंध में वन परिक्षेत्र अधिकारी बडेडोंगर मुख्यालय फरसगांव से जानकारी लेने पर इन्होंने जानकारी दी है कि भोगापाल में अवैध कटाई य क्षेत्र राजस्व विभाग का हैं
यह जानकारी मिलते ही उस्यानि के मानकर तहसीलदार राजस्व फरसगांव से संपर्क कर जानकारी दी जानकारी मिलते ही तहसीलदार व नायब तहसीलदार आर.आई. व पटवारी की जाँच टीम ने भोगापाल घटना स्थल की जाँच करने पर तहसीलदार फरसगांव ने मिडिया से चर्चा करते हुए कहा कि अवैध कटाई हुई घटना स्थल पहुंचकर वन विभाग का होना बताया है। अब कटाई की मामले को वन विभाग एवं राजस्व विभाग द्वारा सही खुलकर जानकारी देने से बचते रहे अतः में उक्त मामला धीमी हो गई वन विभाग के प्रधान मुख्य वन संरक्षक रायपुर से लेकर मुख्य वन संरक्षक वनवृत्त कांकेर को मिडिया द्वारा जानकारी व विडियो भेजने के बाद भी मिडिया को अभी तक कोई ठोस जवाब नहीं दिया गया है।
2. अब आया वन भू-माफिया द्वारा वन मण्डल केशकाल से मात्र 50 मीटर दूरी पर स्थित ग्राम बोरगांव के शमशान घाट से लगे सागौन प्लान्टेशन के करीब एक एकड़ जमीन को काबि़ज करने के नियत से पड़ोसी ग्राम सिदावण्ड से चार गरीब लेबरो को 300रू. रोजी से सागौन प्लाटेंशन को एक एकड़ क्षेत्रफल को कटवाया गया। लेकिन वन मण्डल केशकाल द्वारा असली भू- माफिया से मात्र जुर्बाना लेकर बचाने में सफल रहे।
3. वन मण्डल केशकाल के उपवन परिक्षेत्र धनोरा के ग्राम हिरागांव में अभी हाल में हरे भरे जंगल को भारी मात्रा में काटने का जानकारी विभाग को मिलने के साथ मिडिया को भी प्राप्त हुआ। इस पर विभाग अभी तक क्या कार्यवाही किया गया है। इसके बारे में मिडिया को कोई जानकारी नहीं है।
4. अब सनसनी घटना वन मण्डल मुख्यालय केशकाल से मात्र 1 कि.मी. दुरी पर नगर पंचायत केशकाल के वार्ड क्रमांक 13 ग्राम अडरापारा में सागौन प्लाटेंशन से भारी मात्रा में अवैध कटाई होने की जानकारी विभाग को होने के साथ घटना स्थल पहुँचकर कटा हुआ सागौन लकड़ी को विभाग द्वारा जब्ती करते हुए आरोपी के खिलाफ वन अधिनियम के अन्तर्गत कार्यवाही करने का जानकारी विभागीय सूत्रों से प्राप्त हुआ है।
वन अमले ने किया सागौन गोला जप्त केशकाल | वन परिक्षेत्र केशकाल के वन अमले को सागौन प्लांटेशन से चोरी छिपे कटाई करके निकासी हेतु रखे गये सागौन लट्ठे को जप्ती करने में कामयाबी मिली है | सागौन वृक्ष कटाई कर उसका लट्ठा बनाकर उसे निकासी करने के फिराक में था तभी इसकी भनक वन विभाग के अमले को लग गया और मौके पर पंहुचकर पी.ओ.आर.नम्बर 10498/2 काटकर भा.वन अधिनियम की धारा- 52 एवं धारा 33(1) क -च के तहत अपराध कायम करके कार्यवाही आरंभ कर दिया गया | 7नग लठ्ठा का नाप जोख करके 0.318 घन मीटर लकडी मुजरिम झाडूराम उर्फ प्रभुलाल के नाम जप्तीनामा बनाकर 6 सितंबर को कार्यवाही किया गया | ज्ञात हो की केशकाल नगर पंचायत के पूर्व पश्चिम दिशा में वन विभाग द्वारा लगवाये गये सागौन प्लांटेशन पर बेशकीमती इमारती लकडी तस्करी करने वालों की गिद्ध निगाह लगी रहती है| पूर्व दिशा में शहर से सटे वन क्षेत्र सुरडोंगर के बहुत एवं पश्चिम दिशा में केशकाल बोरगांव में शहर क्षेत्र से सटे हुऐ वन क्षेत्र सागौन का प्लांटेशन दो दशक पूर्व किया गया था जो अब लगभग तैयार हो रहा है पर प्लांटेशन शहर से सटा होने के कारंण बेशकीमती सागौन की चोरी छिपे कटाई होते ही रहता है | सागौन प्लांटेशन में जीवित पौधो से काटकर नेस्तनाबूद कर दिये गये सागौन के ठूंठो की संख्या बढ गया है जो तेजी से बढते जा रहा है | विभाग अगर केशकाल नगर से सटे हुये वन खंडो के ठूंठ और बचे खुचे जीवित पौधों की गणना करा ले तो हकिकत सामने आ सकता है | इसमे यह साफ जाहिर होता है की क्षेत्र के भू माफियो का इरादा बुलंद है व् वन विभाग का कार्यवाही सुस्त पड़े है

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