
कोंडागांव, फरसगांव,,18सितंबर 2O22,ST,SC OBC मूल निवासी समाज समन्वय समिति जिला-कोंडागांव के तत्वावधान में संयुक्त जिला स्तरीय गांयता जोहारनी कार्यक्रम संपन्न हुआ फरसगांव के डिही, माटी में ,,,
बस्तर संभाग के अंतर्गत, कोंडागांव जिला में ऐतिहासिक कार्यक्रम पहली बार ST, SC OBC मूल निवासी समाज समन्वय समिति जिला-कोंडागांव के तत्वावधान में एक मंच में बैठकर गांयता जोहारनी पर्व धूमधाम से मनाया गया,, पांचों बलाक से सामाजिक पदाधिकारियों की उपस्थिति एवं बारह सगा भाईयों की उपस्थिति में यह प्राचीन मूल गांयता व्यवस्था संपन्न हुआ।। माटी गायता के द्वारा बारह मानेय बारह सगा भाईयों के साथ कार्यक्रम के मुख्य तिथि –माननीय श्री संत राम नेताम विधायक केशकाल एवं बस्तर विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष के उपस्थिति में यह ऐतिहासिक रचनात्मक कार्यक्रम फरसगांव के माटी गांयता के द्वारा प्राकृतिक शक्ति सला -गागरा शक्ति का सेवा अर्जी विनती, एवं बारह सगा भाईयों के नाम पर बारह बाटा सेवा एवं अर्जी विनती किया गया।। सेवा अर्जी विनती के बाद ,,गांयता को , सफेद पगड़ी बांध कर पीला चांवल से टीका लगा कर सम्मान किया गया,, तत्पश्चात सभी अतिथियों को एवं मंचाशील सगाजनों को प्राकृतिक पगड़ी बांध कर पीला चांवल से टीका लगा कर सम्मान किया गया,, प्राकृतिक कोरिया पता से सभी को चिंवड़ा गुड़ का मूल प्रसाद का वितरण किया गया।।
कार्यक्रम में मातृ शक्ति पीतृ शक्ति एवं युवा युवतियां सम्मिलित हुए।
कुदरती धरती फरसगांव के माटी में गांयता जोहारनी के उपलक्षय में e तीनों वर्गों से मूल प्रकृति संस्कृति से जुड़े समूह नृत्य प्रस्तुत किए,, गुटा मांदर माटी मांदर,,हुलकी नृत्य,, पंथी नृत्य,सुआ नृत्य,,डंडार नृत्य,,राऊत नाचा, कर्मा नृत्य,, एवं स्कूल बच्चियों के द्वारा गोंडी नृत्य प्रस्तुत किए।।
गांयता जोहारनी कार्यक्रम में माटी गायता, पुजारी, मांझी, पटेल बड़ चढ़ कर हिस्सा लिए।। कोंडागांव के
पूर्व कलेक्टर श्री नीलकंठ टेकाम सर गांयता जोहारनी कार्यक्रम में शामिल हुए,, उद्बबोधन में टेकाम सर बोले बस्तर वासी जब भी मुझे सूचना देंगे, मैं जन सेवा के लिए जरूर आऊंगा,, सभी को शिक्षा तकनीकी खेती,गांव नार्र संरचना के आधार पर प्राकृतिक गांयता,,मूल व्यवस्था के अनुसार मिलजुलकर चलने के लिए उत्कृष्ट सुझाव दिए हैं ,,,तभी विकास संभव है।। संगठन से काफी खुश होकर सभी को प्राकृतिक गांयता जोहारनी का बधाई एवं शुभकामनाएं दिए।।
केशकाल विधायक श्री संत राम नेताम जी उद्बबोधन में ,जन सेवा मेरा पहला प्राथमिकता है,, विकास के लिए अंतिम गांव नार्र संरचना तक पहुंच कर योजनाओं का लाभ दिलाने की बात कही है, जन हीत में मुझे काम करने के लिए जनता चुना है, मैं जन हीत में काम करते रहुंगा,, संगठन से काफी खुश हुए,, बस्तर के मूल सांस्कृतिक व्यवस्था को और संरक्षित सुरक्षित करने के लिए सभी सगाजनों को बोले हैं,, सभी समाज के नृत्य दल के लिए प्रोत्साहित राशि भी दिए,, सभी को मिलकर चलने के लिए बोलें,गांयता जोहारनी हमारे कोयासिंगार दीप एक प्राचीन मूल व्यवस्था है,, इस व्यवस्था को नहीं भूलना है,, सभी को बधाई एवं शुभकामनाएं दिए। , जिला पंचायत अध्यक्ष श्री देवचंद्र मातलाम अपने उद्बबोधन में मूल व्यवस्था को नहीं भूलना है,, यह हमारे पूर्वजों का देन है,, इस व्यवस्था से सभी को संतुलन एवं सभी के हीत में सभी को लेकर चलना होता है,, सबसे प्रमुख बात कोंडागांव जिला के अंतर्गत जल जंगल जमीन को बचाने के लिए सभी समाज से अनुरोध किया है,, जल जंगल है तो सब कुछ है,, जंगल को अवैध कटाई को संयुक्त रूप से रोकना होगा,, सभी को बधाई एवं शुभकामनाएं दिए,,पूर्व विधायक सेवक राम नेताम केशकाल यह हम सबके लिए यह व्यवस्था चली आ रही है,,हम भटक चुके हैं,, हजारों साल के पुराने इतिहास को अध्यन करने की जरूरत है, शोध करने की जरूरत है,,यह मूल व्यवस्था को मजबूती से पालन करने की जरूरत है, सभी को प्राकृतिक सेवा जोहार के साथ बधाई एवं शुभकामनाएं दी,,श्रीमती लता उसेंडी पूर्व मंत्री छ ग.शासन, श्री गणेश दुग्गा नगर पंचायत अध्यक्ष फरसगांव,श्री रामेश्वर उसेंडी,, श्री हरीशंकर नेतामश्री उग्रेश मरकाम, श्रीमती शिश कुमारी चनाप, श्रीमती भगवती पटेल, श्रीमती सविता सोरी,राजबती मरकाम, श्रीमती सेल सेठिया,
ST,SC OBC मूल निवासी
समाज समन्वय समिति के प्रमुख पदाधिकारीगण — श्री मनहेर सिंह कोर्राम,, श्री फरसू सलाम,राम लाल कोर्राम, श्री रंगी लाल मरकाम,सुखिया राम चौहान, श्री धंस राज टंडन,नीलकंठ शार्दूल, श्री शीतल कोर्राम,रंगीलाल मरकाम,एस .आर .सोरी, श्री लोकनाथ निषाद,श्री योगेश पांडेय, श्री कमल कांत पटेल, श्री सूरज मातलाम, श्री हदय मंडावी, श्री नील चंद्र बघेल, श्री सुभऊ राम नेताम, श्रीं रुपेन्द्र कोर्राम, श्री धनी राम मरकाम, सोन साय मरकाम, चिंता मणी नेताम, बालिका दुग्गा एवं सभी सामाजिक पदाधिकारी वरिष्ठगण मातृ शक्ति पीतृ शक्ति एवं युवा युवतियां आदि,,
ST.SC.OBC.मूल निवासी समाज समन्वय समिति जिला-कोंडागांव के अंतर्गत बारह मानेय, बारह सगा भाईयों के प्रमुख सामाजिक पदाधिकारी, वरिष्ठगण, मातृ शक्ति पीतृ शक्ति एवं युवा युवतियां प्रमुखता से भाग लिए,, सभी वर्गों में प्राकृतिक रचनात्मक सला -गागरा शक्ति के माध्यम से संयुक्त संगठन और संयुक्त रूप से एक मंच में मूल व्यवस्था गांयता जोहारनी,, पर्व,पंडुम से सभी खुशी जाहिर किए,, गंधर्व 18,वाघयंत्र बाजा के प्राकृतिक ध्वनि से,, और गुटा मांदर माटी मांदर हुलकी नृत्य पंथी नृत्य सुआ नृत्य से सभी फरसगांव के कुदरती धरती में रेला पाटा के साथ गांयता जोहारनी पाटा में खूब, नाचे,गायेऔर झूम उठे।। मंच संचालक –श्री हीरा नेताम, श्री राम लाल नेताम, श्री श्री सुभऊ राम नेताम ने बड़ी मधुरता से संबोधित करते हुए गांयता जोहारनी कार्यक्रम संचालित किए हैं,,,
बारह सगा भाईयों के गांयता जोहारनी मिलन भेटनी पर्व पंडुम से प्राकृतिक सर्वोपरि शक्ति सला-गागरा शक्ति बीच बीच में बारिश करता रहा,, गांयता जोहारनी की खुशी फरसगांव के डिही में जीवन में पहली बार रचनात्मक पर्व को देखने को मिला। ऐसा ही रचनात्मक कार्य को सभी समाज के प्रमुखों ने आगे बढ़ाने के लिए कहा है,,
सामाजिक उद्बबोधन — सामाज प्रमुखों के द्वारा विषयवार उद्बबोधन — स्वागत भाषण श्री फरसू राम सलाम अध्यक्ष , श्रीं एस. आर.सोरी जिला सचिव, गांव नार्र संरचना से संबंधित बारह मानेय बारह सगा भाईयों को प्राकृतिक गांयता पद्धति से एक साथ लेकर चलने पर, उद्धबोधन दिए,, श्री नीलकंठ शार्दूल वरिष्ठ उपाध्यक्ष, गांयता जोहारनी पर्व का बधाई एवं महत्व पर उद्बबोधन दिए,,श्री धंस राज टंडन संरक्षक, संविधान के बारे सारांश रुप में जानकारी दिए,, श्री मनहेर सिंह कोर्राम जिला अध्यक्ष कोयावंशीय मुरिया गोंडवाना समाज समन्वय समिति जिला-कोंडागांवके द्वारा ST,SC, OBC मूल निवासी समाज समन्वय समिति स्थापित करने एवं सभी वर्गों को एक साथ लेकर चलने पर उद्बबोधन संक्षिप्त में दिए।।
सभी वर्गों से समाज प्रमुख मातृ शक्ति पीतृ शक्ति गांयता जोहारनी कार्यक्रम के उपलक्ष में अपने अपने विचारों से बात को गंभीरता से रखे,, एवं सभी को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए ST,SC, OBC मूल निवासी समाज जिंदा बाद का नारा से बुलंद कर रहे थे,, प्राकृतिक शक्ति सला -गागरा शक्ति की जय, जिम्मेदारीन की जय, बस्तर बुम की जय, बस्तर माटी की जय, डिही डोंगर की जय, अपने अपने अपने पुरखाओं की जय ,,सात खंड धरती की जय,, नव खंड पृथ्वी की जय का प्राकृतिक नारा से फरसगांव के माटी में गुंज उठा,, सभी प्राकृतिक ध्वनि से थिरके, नाचे,गाये,झूम उठे।।
सभी के साथ रचनात्मक पंरपरागत तरीके गांयता जोहारनी ,भेंटनी किये,, प्राकृतिक पेन सिस्टम से मिलन कार्यक्रम बड़ी धूमधाम से शांति तरीके संपन्न हुआ।।
अंत में सभा का आभार व्यक्त श्री शीतल कोर्राम महा सचिव ST,SC, OBC मूल निवासी समाज समन्वय समिति जिला-कोंडागांव (छ.ग.) के द्वारा करते हुए सभी को प्राकृतिक सेवा जोहार करते हुए,, सभी का जीवन मंगलमय हो,, सभी संतुलित तरीके से अपने अपने गांव घर पहुंचने की अपील की।। सभी को प्राकृतिक सेवा जोहार जय बारह सगा भाईयों की,,, सेवा जोहार
ST,SC OBC मूल निवासी समाज समन्वय समिति जिला-कोंडागांव (छ.ग.)

