
कोंडागांव:-
आयुष विभाग के द्वारा संचालित आयुष मिशन अंतर्गत शासकीय आयुर्वेद औषधालय, हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर कोपरा में योग प्रशिक्षक महेंद्र कुमार मरकाम के द्वारा करायें जा रहें हैं नियमित योगाभ्यास
शरीर की बेहतर फिटनेस के लिए योगा सबसे बेहतर ऑप्शन है. इसको अपनी अपनी दिनचर्या में शामिल करके आप अनेकों स्वास्थ्य लाभ पा सकते हैं. नियमित योगाभ्यास करने से शरीर रोगमुक्त हो जाता है. वैसे तो शरीर को फिट रखने के लिए सभी योगासन जरूरी है, लेकिन प्राणायाम को महत्वपूर्ण माना गया है. इसका प्रतिदिन अभ्यास मनुष्य के मन और शरीर में ऊर्जा का संचार बढ़ा देता है. यह अभ्यास शरीर की जकड़न दूर करके आपको दिनभर एनर्जेटिक बनाए रखता है। आज प्राणायाम के प्रकार और उनसे जुड़े कई जानकारियां साझा कीया गया हैं. प्राणायाम अभ्यास करने का सही तरीका को आयुष विभाग जगदलपुर के द्वारा संचालित HWC (हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर) कोपरा के योग प्रशिक्षक महेंद्र कुमार मरकाम के द्वारा बताया गया।।
प्राणायाम
प्राणायाम का लाभ लेने के लिए आसान का सही क्रम बेहद जरूरी है. ऐसे में यदि आप प्राणायाम शुरू करने जा रहे हैं तो सबसे पहले मैट लगाकर सुविधानुसार किसी भी आसन में बैठ जाएं. इसके बाद कमर अपनी गर्दन सीधी करते हुए आंखें बंद करेंगे. अब अपना सारा ध्यान अपने शरीर में आती-जाती सांसों पर केंद्रित करेंगे. इसके बाद लंबी गहरी सांस लेते और छोड़ते हुए दोनों हाथों को आपस में जोड़कर मंत्र का जाप करें. हालांकि, इसके बाद कुछ और छोटे-छोटे स्टेप्स हैं, सूक्ष्म व्यायाम,आसन, प्राणायाम
योगासन के साथ हेल्दी डाइट लेने से होगा दोगुना लाभ, दिनभर रहेंगे एनर्जी से भरपूर, बेहतर होगी फिटनेस
प्राणायाम करने का सही तरीका
शरीर की फिटनेस बरकरार रखने के लिए प्राणायाम का अभ्यास टॉप पर है. इस अभ्यास को शुरू करने से पहले अपनी आंखों को बंद करके लंबी गहरी सांस लेंगे. अब अपने पेट में हवा भरें कुछ देर तक रुकें उसके बाद हवा निकाल देंगे. ठीक इसी तरह आपको सांसों को इन्हेल और एक्हेल करने की प्रैक्टिस करना है. प्राणायाम करने से हमारा पाचन ठीक रहता है और शरीर से बीमारियां दूर रहती हैं.
प्राणायाम के लाभ
प्राणायाम के करने का मुख्य उद्देश्य शरीर में ऊर्जा वहन करने वाले मुख्य स्रोतों का शुद्धिकरण करना है. यह अभ्यास पूरे शरीर का पोषण करने का काम करता है. यह मन में निश्चलता लाता है और शांति प्रदान करता है. साथ ही एकाग्रता बढ़ाने में भी सहायक है. इसको नियमित करने से जीवन से तनाव एवं चिंता दूर हो सकती है. यह अभ्यास कफ विकार को भी कम करने में बेहद असरदार है.

